“मानवता की सेवा को जीवन का एक महत्वपूर्ण उद्देश्य मानते हुए सेवा करना ही सच्ची मानवता है।”
मनीष कुमार राधे-राधे ग्रुप हैदराबाद के सक्रिय एवं समर्पित सदस्य हैं। वे सेवा कार्यों को केवल सामाजिक जिम्मेदारी नहीं, बल्कि मानवता के प्रति अपने कर्तव्य के रूप में देखते हैं। जरूरतमंदों की सहायता करना, अन्नदान जैसे सेवा कार्यों में सहभागी बनना तथा समाज में प्रेम, सहयोग और भाईचारे की भावना को मजबूत करना उनके लिए विशेष महत्व रखता है।
मनीष कुमार का मानना है कि सच्ची सेवा वही है, जिसमें किसी अपेक्षा के बिना जरूरतमंद के जीवन में राहत और चेहरे पर मुस्कान लाने का प्रयास किया जाए। राधे-राधे ग्रुप हैदराबाद द्वारा नियमित रूप से किए जा रहे अन्नदान एवं सामाजिक सेवा कार्यों से जुड़कर वे संगठन की सेवा भावना को आगे बढ़ाने में अपना योगदान दे रहे हैं।
मनीष कुमार का जन्म 2 सितंबर 1978 को हैदराबाद में हुआ। उनके पिता श्री महेश कुमार एवं माता श्रीमती निर्मला बाई हैं। उन्होंने बी.कॉम तक शिक्षा प्राप्त की तथा वर्तमान में व्यवसाय के क्षेत्र में कार्यरत हैं।
व्यावसायिक जीवन के साथ-साथ सामाजिक दायित्वों के प्रति जागरूक रहना उनके व्यक्तित्व की विशेष पहचान है। उनका सरल स्वभाव और सकारात्मक सोच उन्हें समाज और सेवा कार्यों से निरंतर जोड़े रखती है।
मनीष कुमार का विवाह 8 जुलाई 2000 को श्रीमती निशा अग्रवाल के साथ हुआ। उनके दो पुत्र मोहित कुमार एवं पीयूष कुमार हैं।
वे परिवार को संस्कारों और मानवीय मूल्यों का आधार मानते हैं तथा अपने बच्चों को भी समाज और जरूरतमंदों के प्रति संवेदनशील रहने की प्रेरणा देते हैं। पारिवारिक जिम्मेदारियों के साथ सामाजिक दायित्वों को निभाना उनके जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा है।
मनीष कुमार का मानना है कि सच्ची सेवा वही है, जिसमें किसी अपेक्षा के बिना जरूरतमंद के जीवन में राहत और चेहरे पर मुस्कान लाने का प्रयास किया जाए। इसी भावना के साथ वे राधे-राधे ग्रुप हैदराबाद के सेवा कार्यों में अपनी सहभागिता निभा रहे हैं।
उनका विश्वास है कि समाज में बदलाव केवल बड़े प्रयासों से नहीं, बल्कि प्रत्येक व्यक्ति द्वारा अपनी क्षमता के अनुसार किए गए छोटे-छोटे सेवा कार्यों से भी संभव है।
मनीष कुमार का विश्वास है कि अन्नदान केवल भोजन देना नहीं, बल्कि किसी जरूरतमंद के जीवन में सम्मान, अपनापन और आशा पहुंचाने का माध्यम है। जरूरतमंद व्यक्ति को भोजन उपलब्ध कराना मानवता की भावना को मजबूत करने वाला कार्य है।
राधे-राधे ग्रुप हैदराबाद द्वारा नियमित रूप से आयोजित अन्नदान एवं अन्य सामाजिक सेवा गतिविधियों से जुड़कर वे जरूरतमंदों तक सहयोग पहुंचाने के प्रयास में सहभागी बने हुए हैं।
मनीष कुमार मानते हैं कि समाज में रहने वाले प्रत्येक व्यक्ति का यह दायित्व है कि वह अपनी सामर्थ्य के अनुसार समाज और जरूरतमंदों के लिए योगदान दे। सेवा केवल आर्थिक सहयोग तक सीमित नहीं है, बल्कि समय देना, सहयोग करना और जरूरत के समय किसी के साथ खड़ा होना भी सामाजिक जिम्मेदारी का महत्वपूर्ण हिस्सा है।
राधे-राधे ग्रुप हैदराबाद के साथ मनीष कुमार का जुड़ाव उनकी सेवा भावना और सामाजिक सोच का सुंदर उदाहरण है। अन्नदान एवं सामाजिक सेवा कार्यों में सहभागी बनकर वे संगठन की सेवा भावना को आगे बढ़ाने में अपना योगदान दे रहे हैं।
उनका सरल स्वभाव, सहयोग की भावना और सकारात्मक सोच राधे-राधे ग्रुप की सेवा गतिविधियों में एक महत्वपूर्ण योगदान है। वे सेवा के इस प्रयास को निरंतर आगे बढ़ाने में विश्वास रखते हैं।
मनीष कुमार के लिए सेवा केवल किसी कार्यक्रम में उपस्थित होने या सहयोग करने तक सीमित नहीं है। उनके अनुसार सेवा वह है, जो बिना किसी अपेक्षा के की जाए और जिसमें जरूरतमंद के जीवन में राहत, सम्मान और आशा लाने का प्रयास किया जाए।
उनका मानना है कि प्रत्येक व्यक्ति यदि अपनी क्षमता के अनुसार छोटे-छोटे सेवा कार्यों में योगदान दे, तो समाज में सकारात्मक बदलाव लाया जा सकता है।
राधे-राधे ग्रुप हैदराबाद के सदस्य के रूप में मनीष कुमार निरंतर इस प्रयास में विश्वास रखते हैं कि सेवा की भावना अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचे और समाज का प्रत्येक व्यक्ति अपनी सामर्थ्य के अनुसार मानव कल्याण में योगदान दे।
उनका सेवा संकल्प समाज के अन्य लोगों को भी जरूरतमंदों की सहायता और मानव कल्याण के कार्यों से जुड़ने के लिए प्रेरित करता है। उनका जीवन बताता है कि सेवा की शुरुआत अपने आसपास से ही की जा सकती है।
मनीष कुमार का जीवन सेवा, सहयोग और मानवता की भावना का सुंदर उदाहरण है। परिवार की जिम्मेदारियों को निभाते हुए व्यवसायिक जीवन में सक्रिय रहना और साथ ही समाजसेवा में अपना योगदान देना उनके व्यक्तित्व की विशेष पहचान है।
मानवता की सेवा को जीवन का एक महत्वपूर्ण उद्देश्य मानते हुए उनका यह सेवा संकल्प राधे-राधे ग्रुप हैदराबाद की सेवा यात्रा को मजबूती प्रदान करता है। उनका विश्वास है कि छोटे-छोटे सेवाभावी प्रयास मिलकर समाज में बड़ा सकारात्मक परिवर्तन ला सकते हैं।
“सच्ची सेवा वही है, जिसमें किसी अपेक्षा के बिना जरूरतमंद के जीवन में राहत और चेहरे पर मुस्कान लाने का प्रयास किया जाए।”